DEEPAK SHREE - THE WITNESS
जीवन की हकीकत और रहस्य का व्यावहारिक विश्लेषण कर जिंदगी में केवल आनंद प्राप्त करना ही एक उद्देश्य है और यह एक सरल प्रक्रिया है। जीवन की हकीकत के साथ रूबरू कराना है एक मकसद है खुद को खुद का खुदा बनाना ही प्रयास है।
By practicing practical realization of the reality of life and getting happiness in life is only one purpose. This is a simple process. To live life with ultimate bliss is a motive: It is an attempt to get realised everyone divine.
आत्ममंथन: जीवन का बोध और परमानंद
क्या पाया, क्या खोया': शहर में बसे अपने बच्चों को पुकारता है, गांव
कर्म, फल और आनंद ; एक ही धुन के तीन अलग सुर
बोध की आहट: जीवन का शाश्वत संगीत _ दी श्री परम आनन्द गाथा
जीवन के द्वंद्व: असंतुष्टि का चक्र अगर उलझन को आनन्द में बदलना है, तो जरूर सुने _अगर
दशहरा का संदेश कुछ और है ??_ दी श्री परम आनन्द गाथा
नाले नहीं, जीवनधारा: जागृति का आह्वान। @South Delhi
बॉस का बॉस कैसे बने अर्थात सबका मालिक?? डायोजनीज़, यूनान का दार्शनिक _ दी श्री परम आनन्द गाथा
आपकी सोच परमात्मा की सोच है, इसलिए आप परम आनंद की तलाश करते है। दी श्री परम आनन्द गाथा
आप वो नहीं है, जो कभी हंसते हैं या रोते हैं, यही वो रहस्य है, जो आपको परम आनन्द तक ले जाता है
हजरत अली साहब का परम ज्ञान ... बूंद से सागर .... सागर से परम की यात्रा _ दी श्री परम आनन्द गाथा
स्वतंत्रता दिवस पर स्वतंत्रता की असाधारण और गहरी विचारधारा _ दी श्री परम आनंद गाथा।
आरोप 05_ पति-पत्नी और आरोपों का मायाजाल _ गलती मानने को दिल नहीं करता है _दी श्री परम आनंद गाथा
आरोप 04_ पति-पत्नी और आरोपों का मायाजाल _ त्रिया चरित्र & पुरुष चरित्र_ दी श्री परम आनंद गाथा
आरोप 03 _ पति-पत्नी और आरोपों का मायाजाल _ शारीरिक संबंध _ दी श्री परम आनंद गाथा
आरोप 02 _ पति-पत्नी और आरोपों का मायाजाल _ एक बार परमात्मा बन कर तो देखें_ दी श्री परम आनंद गाथा
माँ तुल्य साहिबी नदी की पुकार 2.0-शुरुआती 30 Km का सफर_साहिबी नदी: परम आनंद की धारा- एक परम अभियान_
आरोप 01 _ पति-पत्नी और आरोपों का मायाजाल
"प्रश्न अर्थात परेशान लोक" से दीश्री आनंद लोक की यात्रा। "है" और "हो रहा है" की अनुभूति..
कोई भी या कुछ भी न तो सही होता है और न ही गलत,वह केवल होता है।होने का एहसास ही परम आनंद की यात्रा है
सरल बनने की साधना : सात दिन में सरल बनने की सरल आध्यात्मिक विधि - दी श्री
सुख आनंद नहीं, केवल दुख का अभाव है। पर दोनों में आनन्द निहित हैं, फिर क्या है आनंद का रहस्य?
आत्म - विनाश की ओर : अपने खोखले अस्तित्व को दिखाने के लिए खुद ही खुद को बर्बाद कर देते है
साहिबी नदी की पुकार - आये भारत की राजधानी दिल्ली और उसके बीचों बीच बहने वाली नदी को और खूबसूरत बनाए
ठहरिए, आप नफरत या प्रेम उससे नहीं करते है, जिससे करते हुए देखते है। फिर कौन है, वो..? जाने _ दीश्री
कौन है वो जो नहीं मरेगा? खान साहब की एक आंख खोलने वाली कहानी...
दी श्री परम आनन्द गाथा, हर पल आनन्द की गाथा.. यमुना नदी के गोद में _ DeeShree
आपका या दूसरे का लालच, क्रोध, भय या दुख सबकुछ प्रकृति का है। आपका तो केवल आनंद है....रहस्य आनंद का
एक बाप की चिंता अपने बच्चों की सफल शादी और जिंदगी को लेकर -तलाक, आत्महत्या, अवैध संबंध, हिंसा ....
कैंसर/बीमारी या कोई समस्या - परम आनंद का मार्ग एक समाधान