बसंत पंचमी 2026 कब है, 22 या 23 जनवरी, जाने शुभ मुहूर्त
Автор: ❣️ιѕнυ__ Maurya🔥
Загружено: 2026-01-23
Просмотров: 5
सरस्वती की पूजा बसंत पंचमी के दिन पीले वस्त्र पहनकर, ज्ञान, बुद्धि और वाणी की प्राप्ति के लिए पूरी श्रद्धा से की जाती है। सुबह स्नान के बाद माता की प्रतिमा स्थापित करें, पीले फूल, अक्षत, रोली, हल्दी और केसरिया मिठाइयों/चावल का भोग लगाएं। 'ॐ ऐं सरस्वत्यै नमः' मंत्र का जाप करें और विद्या-संगीत की साधना के लिए पुस्तकें अर्पित करें।
सरस्वती पूजा की विस्तृत विधि (Basant Panchami Puja Vidhi):
तैयारी: सुबह जल्दी स्नान करें, पीले या सफेद कपड़े पहनें।
स्थापना: चौकी पर पीला कपड़ा बिछाकर माता सरस्वती की मूर्ति या तस्वीर स्थापित करें। साथ में गणेश जी की मूर्ति भी रखें।
पूजन सामग्री: हल्दी, कुमकुम, सिंदूर, रोली, अक्षत, पीली चुनरी, पीले फूल, माला, आम के पत्ते, कलश, नारियल, और भोग के लिए केसरिया चावल या पीली मिठाई रखें।
पूजा प्रक्रिया:
गणेश जी की पूजा के साथ शुरुआत करें।
कलश स्थापना करें।
माता सरस्वती को पीले फूल और माला अर्पित करें।
उन्हें हल्दी, रोली और कुमकुम का तिलक लगाएं।
पुस्तकों, कलम या वाद्य यंत्रों को भी पूजा स्थल पर रखें, क्योंकि यह ज्ञान का प्रतीक है।
भोग और आरती: केसरिया मीठे चावल या पीली मिठाई का भोग लगाएं। कपूर या दीपक से माता सरस्वती की आरती करें।
विशेष उपाय: इस दिन पढ़ाई की वस्तुओं का दान करने से मां सरस्वती प्रसन्न होती हैं और शिक्षा की बाधाएं दूर होती हैं। ------+-----------------+------ / @rinkimauryabhajn-x4q
Доступные форматы для скачивания:
Скачать видео mp4
-
Информация по загрузке: